कुशीनगर :: कुदरत का कहर: तेज हवा और बारिश से बर्बाद हुई गेहूं की फसल, किसान हुए बेहाल
अरविन्द कुशवाहा, कुशीनगर केसरी, कुशीनगर। जनपद मे आई तेज आंधी और मूसलाधार बारिश ने किसानों की उम्मीदों पर करारा प्रहार किया है ब्लॉक विशुनपुरा के अंतर्गत ग्राम पंचायत माघी कोठिलवा में गेहूं की तैयार फसल पूरी तरह से बर्बाद हो गई है, जिससे किसान गहरे संकट में आ गए हैं खेतों में लहलहाती गेहूं की फसल, जिसे देखकर किसानों के चेहरे पर खुशी झलक रही थी, अब जमीन पर गिरी पड़ी है। तेज हवाओं ने फसल को झुका दिया और बारिश ने उसे सड़ा दिया। नतीजा यह हुआ कि महीनों की मेहनत कुछ ही घंटों में तबाह हो गई स्थानीय किसानों रविन्द्र कुशवाहा का कहना है कि उन्होंने कर्ज लेकर खेती की थी। खाद, बीज और सिंचाई पर हजारों रुपये खर्च किए गए थे। लेकिन इस प्राकृतिक आपदा ने उनकी सारी उम्मीदें तोड़ दीं। यह किसान ने दर्द भरे शब्दों में कहा हमारी पूरी मेहनत बर्बाद हो गई, अब समझ नहीं आ रहा कि परिवार का खर्च कैसे चलेगा गांव में हर तरफ मायूसी का माहौल है। किसान अपने खेतों में खड़े होकर बर्बादी का मंजर देख रहे हैं और प्रशासन से मदद की गुहार लगा रहे हैं किसानों की मांग है कि सरकार जल्द से जल्द नुकसान का सर्वे कराकर उचित मुआवजा दे, ताकि वे इस संकट से उबर सकें। अगर समय पर सहायता नहीं मिली, तो कई किसानों की आर्थिक स्थिति और भी खराब हो सकती है।
